चार साल की उम्र से फिल्मों में किया काम, अब इस क्षेत्र में चमका यह बाल कलाकार
मुंबई। अस्सी के दशक में बॉलीवुड की कई ब्लॉकबस्टर फिल्मों में 'जूनियर अमिताभ बच्चन' के रूप में पहचान बनाने वाले बाल कलाकार रवि वलेचा ने अभिनय की दुनिया छोड़कर एक अलग क्षेत्र में सफलता का नया मुकाम हासिल किया है। महज चार वर्ष की उम्र में फिल्मी दुनिया में कदम रखने वाले रवि ने अपने 14 साल के करियर में हिंदी, तमिल और तेलुगु भाषाओं की 300 से अधिक फिल्मों में काम किया और उस दौर के सबसे महंगे बाल कलाकारों में शुमार हुए।
शशि कपूर से मुलाकात और फिल्मी सफर का आगाज
रवि के अभिनय करियर की शुरुआत फिल्म 'फकीरा' के सेट पर अभिनेता शशि कपूर से हुई एक आकस्मिक मुलाकात से हुई थी। इसमें उन्होंने शबाना आजमी के बेटे की भूमिका निभाई। इसके बाद कई बड़ी फिल्मों में महानायक अमिताभ बच्चन के बचपन का किरदार निभाने और चेहरे के साम्य के कारण उन्हें 'जूनियर अमिताभ बच्चन' का उपनाम मिला। उस दौर में उन्हें प्रतिदिन 3000 से 3500 रुपये तक की फीस मिलती थी, जो आज के समय के अनुसार 75,000 से 90,000 रुपये के बराबर है।
स्टारडम के बीच बचपन का नुकसान और अधूरा सपना
रवि के अनुसार, कम उम्र में मिली सफलता के साथ उन्हें एक बड़ी कीमत भी चुकानी पड़ी:
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बचपन से दूरी: चार से 18 साल की उम्र तक लगातार शूटिंग में व्यस्त रहने के कारण वे सामान्य बचपन और नियमित स्कूली शिक्षा से वंचित रहे।
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लीड रोल की अधूरी योजना: दिग्गज निर्देशक मनमोहन देसाई ने फिल्म 'गिरफ्तार' (1985) के बाद उन्हें बतौर मुख्य अभिनेता लॉन्च करने का वादा किया था और तैयारी के लिए ब्रेक लेने को कहा। हालांकि, निर्देशक के असामयिक निधन के बाद यह योजना पूरी नहीं हो सकी।
शेफ से लेकर कॉर्पोरेट और हॉस्पिटैलिटी में नई राह
अभिनय के रास्ते बंद होने के बाद रवि ने खान-पान और हॉस्पिटैलिटी के क्षेत्र में अपना करियर संवारा:
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कुलीनरी आर्ट्स की पढ़ाई: मुंबई से प्रोफेशनल शेफ की डिग्री हासिल की और नामी होटलों में सेवाएं दीं।
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हॉस्पिटैलिटी मैनेजमेंट: किचन से आगे बढ़ते हुए उन्होंने रूम सर्विस और होटल ऑपरेशंस के बड़े दायित्व संभाले।
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वर्तमान दायित्व: मौजूदा समय में वे एक प्रतिष्ठित कंपनी में प्रशासनिक विभाग का नेतृत्व कर रहे हैं।
किफायती एक्टिंग इंस्टीट्यूट खोलने की तैयारी
रवि अब अपने लंबे समय से संजोए एक सपने पर काम कर रहे हैं। वे एक ऐसा फिल्म व अभिनय संस्थान स्थापित करने की योजना बना रहे हैं, जहां सिनेमा जगत में आने वाले नए और उभरते कलाकारों को बहुत ही किफायती दरों पर पेशेवर अभिनय का प्रशिक्षण मिल सके।
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