मेट्रो प्रोजेक्ट में बड़ा कदम, पुट्ठा मिल में कई फीट गहरा गड्ढा, जल्द शुरू होगा टनल काम
भोपाल। राजधानी भोपाल में मेट्रो प्रोजेक्ट के सबसे अहम चरण अंडरग्राउंड रूट यानी टनल निर्माण की तैयारी शुरू हो गई है. ऑरेंज लाइन में सिंधी कॉलोनी से बस स्टैंड और रेलवे स्टेशन होते हुए पुल पातरा तक सुरंग बनाई जाएगी. इसके लिए पुट्ठा मिल क्षेत्र में कई फीट गहरा गड्ढा खोद लिया गया है, जहां से जल्द ही अर्थ प्रेशर बैलेंस (ईपीबी) मशीन को जमीन के भीतर उतारा जाएगा. अधिकारियों के मुताबिक यह सुरंग करीब 20 मीटर गहराई में बनाई जाएगी. भोपाल मेट्रो की करीब 15 किमी लंबी ऑरेंज लाइन करोंद चौराहे से एम्स तक विकसित की जा रही है. टनल निर्माण के लिए बेंगलुरु से दो टनल बोरिंग मशीनें भोपाल पहुंच चुकी हैं. इन मशीनों की कीमत करीब 100 करोड़ रुपए प्रति मशीन है. यह मशीनें 5.8 मीटर व्यास की गोलाई में जमीन के भीतर जुड़वां सुरंगें बनाएंगी. मशीनों के सभी हिस्से जोड़ने के बाद खुदाई का मुख्य काम शुरू किया जाएगा।
769 करोड़ का अनुबंध, 42 महीने में पूरा काम
टनल निर्माण के लिए कंपनी के साथ 769 करोड़ रुपए का अनुबंध किया गया है. करीब 3.25 किलोमीटर लंबे हिस्से में दोहरी सुरंग बनाई जाएगी. पूरी परियोजना को पूरा करने के लिए 42 महीने का समय तय किया गया है।
छह हिस्सों में बनेगी सुरंग
करीब सवा तीन किलोमीटर लंबी इस अंडरग्राउंड लाइन को 6 हिस्सों में तैयार किया जाएगा. इस मार्ग पर सुभाष नगर, पुल बोगदा इंटरचेंज, ऐशबाग, सिंधी कॉलोनी, डीआईजी बंगला और कृषि मंडी स्टेशन बनाए जाएंगे. सिंधी कॉलोनी स्टेशन पर रैंप भी तैयार किया जाएगा।
पहले पातरा पुल की दिशा में होगी खुदाई
मेट्रो प्रबंधन के अनुसार दोनों मशीनों को पहले भोपाल जंक्शन के दक्षिणी शाफ्ट से पातरा पुल की दिशा में चलाया जाएगा. इसके बाद उत्तर दिशा की ओर खुदाई आगे बढ़ेगी और अंतिम चरण में सिंधी कॉलोनी तक सुरंग बनाई जाएगी।
इस तरह काम करेगी टनल बोरिंग मशीन
- कटर: जमीन के भीतर खुदाई करने वाला मुख्य हिस्सा।
- सेगमेंट इरेक्टर: टनल की दीवारों के लिए कॉन्क्रीट सेगमेंट लगाने का काम करता है।
- स्क्रू कन्वेयर: खुदाई से निकले मलबे को बाहर पहुंचाता है।
- कॉन्क्रीट सेगमेंट: पहले से तैयार टुकड़े जो रिंग बनाकर सुरंग को मजबूती देते हैं।
- कंट्रोल केबिन: मशीन का संचालन यहीं से किया जाता है।
शहर को नहीं होगा सुरंग निर्माण का अहसास
ऑरेंज लाइन का अंडरग्राउंड रूट पुल पातरा से बड़ा बाग और सिंधी कॉलोनी तक 3.39 किमी लंबा होगा. यह सुरंग भोपाल की ऐतिहासिक इमारतों और घनी आबादी के नीचे से गुजरेगी, लेकिन निर्माण के दौरान ऊपर की सतह पर ज्यादा असर नहीं पड़ेगा।
राशिफल 7 अप्रैल 2026: जानिए आज का दिन आपके लिए कैसा रहेगा
कसनिया में 33/11 केवी नवनिर्मित विद्युत उपकेंद्र प्रारंभ
ई-ऑफिस में फाईल बढ़ाते समय सभी नियमों एवं स्पष्ट अभिमत के साथ हो प्रस्तुतिकरण : प्रमुख सचिव सोनमणि बोरा
काशी की पावन धरा पर हुआ उज्जैनी के शौर्य का सूर्योदय
एनएसजी भारत का अभेद्य कवच, इनसे हैं हम हर हाल में सुरक्षित : मुख्यमंत्री डॉ. यादव
जल जीवन मिशन से ढिटोरी की महिलाओं के जीवन में आई नई मुस्कान
छत्तीसगढ़ बनेगा मखाना हब : कृषि मंत्री रामविचार नेताम ने लिंगाडीह में मखाना सेंटर का किया अवलोकन
मुख्यमंत्री डॉ. यादव से नव नियुक्त सूचना आयुक्तों ने की सौजन्य भेंट
मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने किया "गीता भारती" का विमोचन
स्वस्थ बेटियां, सक्षम बेटियां: छत्तीसगढ़ में एचपीवी टीकाकरण अभियान का शुभारंभ
नक्सलवाद का अंधेरा छोड़ शर्मिला ने थामी स्वावलंबन की सुई
स्वस्थ जीवन का आधार है इन्द्रियों पर नियंत्रण: राज्यपाल पटेल
ग्रामीण क्षेत्रों में सड़क निर्माण में आधुनिक तकनीक का अधिक से अधिक करें उपयोग : मुख्यमंत्री डॉ. यादव
शादी की खुशियाँ मातम में बदलीं: इंदौर में लिफ्ट हादसा, कई महिलाएं घायल
CM योगी बोले—पत्रकारिता जनविश्वास का प्रतीक, जिम्मेदारी निभाएं पत्रकार
घबराकर गैस बुकिंग या स्टॉक करने कि जरुरत नहीं, मध्यप्रदेश में ऑयल कंपनियों द्वारा ईंधन की पर्याप्त आपूर्ति जारी
केंद्रीय जांच एजेंसियों की कार्यप्रणाली पर प्रियंका गांधी ने उठाए सवाल
‘ऐसा शासन दोबारा नहीं झेलना पड़ेगा’, जयराम ठाकुर का कांग्रेस पर बड़ा बयान
NSG कमांडोज का दमदार प्रदर्शन, भोपाल में ‘पराक्रम’ शो ने बढ़ाया जोश
गांधी सागर डैम में मत्स्याखेट का ठेका निरस्त मछुआरों की मांग एग्रीमेंट पर कार्य शुरू किया जाए